टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन की कमी के कारण और लक्षण – कितना होना चाहिए टेस्टोस्टेरोन का लेवल?

0

क्या है टेस्टोस्टेरोन?

Testosterone एक हॉर्मोन है जो की पुरुष के शरीर में पाया जाता है| यह हॉर्मोन आपके अंडकोष में बनता है| testosterone hormone पुरुष का रंग रूप, चाल ढाल के साथ साथ पुरुष के प्रजनन तन्त्र के विकास को निर्धारित करता है| यह पुरुष में शुक्राणुओं का निर्माण और मर्दाना या काम शक्ति को बढाने में मदद करता है| इसके साथ साथ यह आपके मांस पेशियों और हड्डियों के विकास और उन्हें बल देने में मदद करता है| इसके अलावा टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन के और भी कई फायदे हैं जैसे यह depression को दूर रखता है, आपका दिमाग और याददाश्त तेज करता है, कोलेस्ट्रॉल को कण्ट्रोल में रखता है, दिल को स्वस्थ रखता है, आपको बलशाली रखता है, आपके वजन को काबू में रखता है, आपकी फर्टिलिटी को बेहतर बनाता है आदि|

low testosterone symptoms hindi

टेस्टोस्टेरोन क्यों कम होने लगता है | टेस्टोस्टेरोन की कमी क्यों होती है कारण (reasons)

टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन के कम होने या कमी होने के कई  कारण होते हैं जैसे

मोटापा और उसके कारण हुई high blood pressure और diabetes की समस्या|

loading...

सर्जरी से अंडकोष, पियूष ग्रंथि और दिमाग को पंहुचा नुक्सान|

कैंसर का इलाज|

सर में चोट |

इन्फेक्शन जैसे meningitis, syphilis, mumps आदि|

अंडकोष में चोट लगना|

इसके अलावा टेस्टोस्टेरोन की कमी का सबसे बड़ा कारण होता है उम्र का बढ़ना| रिसर्च में पाया गया है की हर १० में से २ पुरुषों में इस हॉर्मोन की कमी होती है जब वो पुरुष 60 साल से कम उम्र के होते हैं और इसके बाद ये आंकड़ा बढ़ता जाता है| इसी कारण बूढ़े होने पर मसल्स और हड्डियां कमजोर होने लगती है, काम शक्ति में कमी आती है और दुसरे लक्षण भी देखने को मिलते हैं|

कितना होना चाहिए टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन का नार्मल लेवल

पुरुष में टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन का लेवल तब कम माना जाता है जब लेवल 300 300 nanograms per deciliter (ng/dL) हो| यदि नार्मल लेवल की बात करें तो एक स्वस्थ पुरुष में इस हॉर्मोन का लेवल 300–1000 ng/dL के बीच होना चाहिए|

कैसे करते हैं टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन का टेस्ट ?

टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन के लेवल का टेस्ट आपके खून का सैंपल लेकर किया जाता है और इस टेस्ट को serum testosterone test कहा जाता है| इस टेस्ट से यह पता चल जाता है की आपके शरीर में पुरुष हॉर्मोन का लेवल क्या है|

टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन की कमी के लक्षण | symptoms of low testosterone hormone level

यदि टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन अपने नार्मल स्तर से नीच गिर जाए तो पुरुष में इस हॉर्मोन की कमी के कारण कई लक्षण देखने को मिलते हैं जिनमें से कुछ नीचे बताये जा रहे हैं|

सम्भोग में रूचि कम होना | सम्भोग करने से डर लगना

टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन आपकी मर्दाना शक्ति और काम शक्ति को सही रखने का काम करता है| उम्र बढ़ने के साथ साथ इस हॉर्मोन की कमी से पुरुष में मर्दाना शक्ति में कमी, काम पॉवर कम होना, सम्भोग मे अरुचि और सम्भोग करने में दर्द लगना (कम काम शक्ति के कारण)आदि लक्षण देखने को मिलते हैं| कई बार ऐसे लक्षण कम उम्र के लड़कों में भी देखने को मिल सकते हैं उसके पीछे ऊपर बताये गए टेस्टोस्टेरोन की कमी के कारणों में से कोई भी हो सकता है| कुल मिलाकर इस हॉर्मोन की कमी से पुरुष अपनी मर्दाना ताकत खो देता है|

लिंग का तनाव ख़तम होना | लिंग खड़ा होने में परेशानी | लिंग का ढीलापन

टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन आदमी की काम इच्छा को बढ़ाने में मदद करता है जिससे उसके लिंग को जल्दी खड़ा या सख्त होने में मदद मिलती है| टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन लिंग को खड़ा करने की शक्ति के लिए आपके ब्रेन को नाइट्रिक ऑक्साइड के निर्माण के सिग्नल बेझता है| नाइट्रिक ऑक्साइड से आपके शरीर में कई रासयनिक क्रियाएं होती हैं जिससे लिंग तनाव में आ जाता है| यह क्रिया बहुत तेजी से होती है और आपका लिंग शिथिल अवस्था से तनाव की अवस्था में कुछ ही सेकंड्स में आ जाता है| जब टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन की शरीर में कमी हो जाए तो यह क्रिया शरीर में बंद हो जाती है फलसवरूप आपके लिंग में कमजोरी की समस्या और ढीलापन आ जाता है जिससे आप काम सुख पाने में असमर्थ हो जाते हैं|

टेस्टोस्टेरोन की कमी लिंग को कमजोर करने वाले कई कारकों में से एक है लेकिन यदि आप testosterone replacement ट्रीटमेंट करवा लेते हैं तो आपका लिंग का ढीलापन या लिंग खड़ा न होने की समस्या दूर की जा सकती है| कभी कभी लिंग कमजोर होने के पीछे दुसरे कई कारण होते हैं जिनका डॉक्टर से इलाज लेना आपको जरुरी होता है इसमें से कुछ समस्याएं हैं

पुरुष को शुगर या high blood pressure की समस्या होना

थाइरोइड की problem होना

शरीर में कोलेस्ट्रॉल अधिक होना

शराब का अधिक सेवन

मानसिक तनाव, चिंता और depression

धुम्रपान या नशीले पदार्थों का सेवन

ये कुछ और कारण है जिनसे आपका लिंग ढीला और कमजोर हो जाता है और उसमें तनाव लाने में बहुत दिक्कत होती है|

वीर्य और शुक्राणुओं की कमी होना

टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन वीर्य के निर्माण में अहम भूमिका निभाता है साथ ही वीर्य में शुक्राणुओं की मात्रा और उनकी गतिशीलता को भी बेहतर बनाने में मदद करता है| टेस्टोस्टेरोन की कमी से सख्लन के दौरान वीर्य की मात्रा कम निकलती है साथ ही वीर्य और शुक्राणुओं की सेहत पर भी विपरीत प्रभाव पड़ता है|

टेस्टोस्टेरोन की कमी से बाल झाड़ते हैं तेजी से

टेस्टोस्टेरोन शरीर की कई क्रियाओं में अहम् भूमिका निभाता है और उसमें से एक है बालों का निर्माण करवाना| गंजापन उम्र बढ़ने के साथ होना एक आम बात है लेकिन यदि आपके शरीर में टेस्टोस्टेरोन की कमी हो गयी है तो इससे आपके सर ,शरीर और मुंह के बाल झड़ने लगते हैं|

शारीरिक कमजोरी

जिस पुरुष में टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन का लेवल कम होता है उस पुरुष को भयंकर शारीरिक कमजोरी, कम स्टैमिना और ताकत की कमी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है| इसलिए यदि आपको हमेशा कमजोरी महसूस होती है और आप जरुरत से अधिक सोते हैं तो आपको अपने टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन की जांच करवा लेनी चाहिए और उसका इलाज करवाना चाहिए|

मसल्स का कमजोर होना और कम होना

टेस्टोस्टेरोन आपकी मसल्स यानि मांस पेशियों के निर्माण और विकास में भी मदद करता है| इस हॉर्मोन के कम होने पर आपकी मसल्स कमजोर होने लगती हैं और इसका प्रभाव पुरुष की शक्ति पर भी पड़ता है क्योंकि मसल्स के कमजोर होने पर पुरुष पहले की तरह अधिक भार या अधिक काम नहीं कर पाता|

शारीर के fat और भार बढ़ना (weight gain)

जिन पुरुषों में टेस्टोस्टेरोन की कमी होती है उनके शरीर का वजन और fat तेजी से बढ़ने लगता है| कई बार पुरषों में gynecomastia यानि पुरुषों के स्तनों के बढ़ने की समस्या भी आ जाती है जिसका मुख्य कारण होता है पुरुष में पाए जाने वाले testosterone और  estrogen हॉर्मोन के स्तर में असंतुलन|

हड्डियों का कमजोर और पतला होना

महिलाओं में हड्डियों से सम्बंधित समस्या होती है जिससे Osteoporosis कहते हैं जिसमें हड्डियाँ भंगुर, कमजोर और पतली हो जाती है| यह समस्या अधिकतर महिलाओं में ही अधिक देखने को मिलती है| कई बार पुरुषों में भी यह हो सकती है और उसके पीछे कारण होता है पुरुष के शरीर में टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन की कमी| यह हॉर्मोन हड्डियों को बनाने और मजबूत रखने में मदद करता है| इसलिए यदि आपके शरीर में टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन के लेवल में कमी है तो आपकी हड्डियाँ कमजोर होने लगेंगी और आपको फ्रैक्चर होने की सम्भावना अधिक होगी|

मूड बदलना – depression, मानसिक तनाव और कम याददाश्त का शिकार होना

जिस आदमी या लड़के में टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन की कमी हो जाए उसका मूड बार बार बदलता है इसके साथ उसके मानसिक स्वास्थ्य पर बुरा प्रभाव पड़ता है जिससे उसे मेमोरी कमजोर होना, depression, stress, एंग्जायटी, काम में मन न लगना आदि समस्याएँ हो सकती हैं|

साथी के प्रति प्यार कम होना

टेस्टोस्टेरोन की कमी के कारण पुरुष के शरीर में मानसिक बदलाव आते है साथ ही काम इच्छा में कमी के कारण उसका अपने पार्टनर के प्रति लगाव कम हो जाता है|

आपने आज जाना की टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन की कमी के लक्षण और दूसरी कुछ जरुरी बातों के बारे में| पुरुषों में इस हॉर्मोन का लेवल धीरे धीरे कम होता है या एक दम से किसी दुसरे कारण के कारण भी कम हो सकता है| यदि आप में इस हॉर्मोन के कारण ऊपर दिए गए लक्षणों में से कुछ लक्षण आ गए है तो आपको डॉक्टर से मिलना चाहिए| डॉक्टर आपका blood टेस्ट करके आपको जरुरी इलाज देगा और आपको टेस्टोस्टेरोन हॉर्मोन बढाने वाली दवा के फायदे और नुकसान के बारे में जानकारी देगा|

लोगों की इतनी help की लेकिन youtube चैनल subscribe किसी ने नहीं किया अभी तक


 

loading...